पब्लिक सेक्टर की ऑइल मार्केटिंग कंपनियों ने घरेलू LPG उपभोक्ताओं के लिए आधार आधारित e-KYC अभियान तेज कर दिया है। कंपनियों ने साफ किया है कि सभी घरेलू LPG उपभोक्ताओं को 16 अगस्त 2026 तक अपनी e-KYC प्रक्रिया पूरी करनी होगी। देशभर में ग्राहकों के रजिस्टर्ड मोबाइल नंबरों पर लगातार SMS भेजकर इसकी जानकारी दी जा रही है।
मैसेज में बताया जा रहा है कि तय समय सीमा तक आधार वेरिफिकेशन पूरा नहीं करने पर उपभोक्ताओं को घरेलू कीमतों पर LPG सिलेंडर बुक कराने में परेशानी हो सकती है। इस अभियान का उद्देश्य फर्जी और डुप्लीकेट गैस कनेक्शनों पर रोक लगाना और सरकारी सब्सिडी केवल एलिजिबल कस्टमर्स तक पहुंचाना है।
तेल कंपनियों के अनुसार, अगर कोई उपभोक्ता 16 अगस्त 2026 तक e-KYC पूरी नहीं करता है, तो उसे घरेलू कीमतों पर एलपीजी सिलेंडर बुक करने में दिक्कत आ सकती है। ऐसी स्थिति में वेरिफिकेशन पूरा होने तक उपभोक्ताओं को सिलेंडर कमर्शियल कीमत पर खरीदना पड़ सकता है। वहीं, प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना (PMUY) के लाभार्थियों की एलपीजी सब्सिडी भी समय पर न मिलने या बाधित होने की आशंका जताई गई है।
कई राज्यों में e-KYC अभियान की रफ्तार अभी भी धीमी है। अधिकारियों के मुताबिक, हाल ही में गैस सप्लाई में आई अस्थायी रुकावट के बाद लगभग 1.25 लाख उपभोक्ताओं ने e-KYC कराया, लेकिन नियमित सप्लाई बहाल होने के बाद इसकी गति फिर धीमी पड़ गई।
गैस डिस्ट्रीब्यूटर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष अरुण मिश्रा ने बताया कि डिस्ट्रीब्यूटर्स फोन कॉल, SMS और घर-घर जाकर लोगों को समय रहते e-KYC पूरा करने के लिए जागरूक कर रहे हैं।
उपभोक्ता आधार आधारित e-KYC कई माध्यमों से पूरी कर सकते हैं।
e-KYC के लिए उपभोक्ताओं को आधार कार्ड, रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर और अन्य आवश्यक पहचान संबंधी जानकारी साथ रखनी होगी।
जिन उपभोक्ताओं ने अभी तक e-KYC नहीं कराया है, उन्हें तेल कंपनियां बार-बार SMS भेजकर याद दिला रही हैं। ऐसे ही एक मैसेज में लिखा है: “Dear customer, to get LPG cylinders at domestic rates, you must complete e-KYC. Despite repeated reminders, you have not yet completed e-KYC” (प्रिय ग्राहक, घरेलू दरों पर एलपीजी सिलेंडर प्राप्त करने के लिए e-KYC कराना अनिवार्य है। कई बार सूचना देने के बावजूद आपने अभी तक e-KYC पूरी नहीं की है।)
इंडियन ऑयल ने यह भी स्पष्ट किया है कि 16 अगस्त 2026 तक e-KYC पूरी नहीं करने वाले ग्राहकों को वेरिफिकेशन पूरा होने तक घरेलू दरों पर एलपीजी सिलेंडर उपलब्ध नहीं कराया जाएगा।
यह अनिवार्य सत्यापन प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना (PMUY) के लाभार्थियों पर भी समान रूप से लागू होगा। साल 2016 में शुरू हुई इस योजना के देशभर में 10 करोड़ से अधिक लाभार्थी हैं। मौजूदा सब्सिडी व्यवस्था के तहत एलिजिबल बेनेफिशियरी को प्रति सिलेंडर 300 रुपये की डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) सुविधा चार एलपीजी रिफिल तक दी जाती है।
अधिकारियों ने सलाह दी है कि उज्ज्वला योजना के लाभार्थी अंतिम तारीख का इंतजार किए बिना जल्द से जल्द e-KYC पूरी कर लें, ताकि सब्सिडी मिलने में किसी तरह की रुकावट न आए।
अधिकारियों के अनुसार, इस अभियान का उद्देश्य प्रत्येक सक्रिय एलपीजी कनेक्शन को वास्तविक उपभोक्ता से जोड़ना है। इससे फर्जी और डुप्लीकेट कनेक्शनों की पहचान करना आसान होगा और सरकारी सब्सिडी केवल एलिजिबल बेनेफिशियरी तक ही पहुंचेगी।
तेल कंपनियों ने सभी उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे 16 अगस्त 2026 से पहले ही e-KYC प्रक्रिया पूरी कर लें, ताकि अंतिम समय की भीड़ से बचा जा सके और गैस बुकिंग या सब्सिडी से जुड़ी किसी भी असुविधा का सामना न करना पड़े।
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