सितंबर का महीना खत्म हो चुका है और अब आज से हम अक्टूबर के महीने में कदम रख रहे हैं। नए महीने के साथ देश में बैंकिंग, UPI, LPG, टैक्स, NPS और रेलवे से जुड़े कई नियमों में बदलाव देखने को मिलने वाला है। कुछ बदलाव सीधे आम लोगों के लेनदेन और रोजमर्रा के खर्चों को प्रभावित कर सकते हैं। वहीं, टैक्स भरने वालों और प्रॉपर्टी खरीदने वालों के लिए भी नए नियम लागू होंगे। इन बदलावों में UPI से जुड़ा नया MDR फ्रेमवर्क खास है। इसके तहत 2,000 रुपये से अधिक के कुछ खास मर्चेंट ट्रांजैक्शन पर MDR लागू होगा। हालांकि, इसका बोझ ग्राहकों पर नहीं डाला जाएगा। वहीं, एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति को किए जाने वाले UPI पेमेंट पहले की तरह मुफ्त रहेंगे। आइए जानते हैं अक्टूबर में लागू होने वाले 10 बड़े फाइनेंशियल बदलाव।
RBI की Monetary Policy Committee (MPC) की बैठक 5 से 7 अक्टूबर 2026 तक होगी और 7 अक्टूबर को पॉलिसी फैसला आएगा। अगस्त की समीक्षा के बाद रेपो रेट 5.25 प्रतिशत पर है। इसमें बदलाव होने पर लोन और डिपॉजिट की ब्याज दरें प्रभावित हो सकती हैं, हालांकि असर इस बात पर निर्भर करेगा कि बैंक बदलाव को ग्राहकों तक कैसे पहुंचाते हैं।
CBDT ने Assessment Year 2026-27 के लिए टैक्स ऑडिट वाले मामलों की डेडलाइन बढ़ा दी है। टैक्स ऑडिट रिपोर्ट जमा करने की तारीख 30 सितंबर से बढ़कर 21 अक्टूबर 2026 हो गई है। वहीं, ITR फाइल करने की अंतिम तारीख 31 अक्टूबर से बढ़ाकर 21 नवंबर 2026 कर दी गई है। यह विस्तार FY 2025-26 के लिए ऑडिट और रिटर्न प्रक्रिया पूरी करने का अतिरिक्त समय देता है।
1 अक्टूबर से घरेलू LPG ग्राहक सब्सिडी के साथ रेगुलेटेड Retail Selling Price (RSP) पर रिफिल बुक करने के लिए बायोमेट्रिक Aadhaar Authentication पूरा करेंगे। ऑथेंटिकेशन नहीं कराने पर LPG मिलना बंद नहीं होगा, लेकिन सिलेंडर लागू मार्केट प्राइस पर बिना सब्सिडी के मिलेगा। यह OMCs की शर्तों के अधीन होगा।
1 अक्टूबर 2026 से SBI Salary Package Account धारकों के लिए दूसरे बैंकों के ATM और ADWM पर मुफ्त ट्रांजैक्शन की संख्या 10 से घटकर 5 प्रति माह हो जाएगी। यह लिमिट सभी सेंटर पर लागू होगी और इसमें फाइनेंशियल और नॉन-फाइनेंशियल दोनों ट्रांजैक्शन शामिल हैं। BSBD खातों में महीने के 4 कैश विड्रॉल मुफ्त रहेंगे। इसके बाद हर ट्रांजैक्शन पर 15 रुपये + GST चार्ज लगेगा।
सरकार अक्टूबर-दिसंबर 2026 तिमाही के लिए Small Savings Schemes (लघु बचत योजनाओं) की ब्याज दरों का ऐलान सितंबर के अंत में कर सकती है। इनमें PPF, NSC, SCSS, Sukanya Samriddhi Account, Kisan Vikas Patra और Post Office Deposits शामिल हैं। जुलाई-सितंबर तिमाही में इन दरों में बदलाव नहीं हुआ था। नई दरों में बदलाव होने पर इन योजनाओं से मिलने वाला रिटर्न भी प्रभावित होगा।
1 अक्टूबर 2026 से NRI से अचल संपत्ति खरीदने वाले निवासी और HUF को TDS के लिए अलग TAN की जरूरत नहीं होगी। निर्धारित प्रक्रिया में PAN का इस्तेमाल किया जा सकेगा। हालांकि, लागू होने पर TDS काटने, जमा करने और रिपोर्टिंग की जिम्मेदारी बनी रहेगी।
PFRDA ने NPS और NPS Lite के पॉइंट्स ऑफ प्रेज़ेंस (PoPs) द्वारा वसूले जाने वाले चार्ज में बदलाव किया है। नई फीस 1 अक्टूबर 2026 से लागू होगी। PoP के जरिए रजिस्ट्रेशन कराने वाले सब्सक्राइबर को प्रत्येक PRAN के लिए 200 रुपये का वन-टाइम ऑनबोर्डिंग चार्ज देना होगा। यह 200 रुपये एकमुश्त राशि के तौर पर सब्सक्राइबर के अकाउंट से नहीं काटी जाएगी।
RBI के Bulk Deposit Interest Rate Disclosure से जुड़े संशोधित नियम 1 अक्टूबर से लागू होंगे। क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों को डिपॉजिट, जिसमें Bulk Deposits भी शामिल हैं, पर ब्याज दरें अपनी वेबसाइट पर पहले से जारी Rate Schedule के अनुसार बतानी होंगी।
Bulk Deposits के लिए लागू ब्याज दरें हर कारोबारी दिन सुबह 10 बजे वेबसाइट पर प्रकाशित करनी होंगी। इसके लिए 10 मिनट की ग्रेस अवधि होगी, यानी अधिकतम 10:10 बजे तक दरें जारी करनी होंगी।
2,000 रुपये से अधिक के चुनिंदा Merchant Transactions के लिए नया UPI Merchant Discount Rate (MDR) फ्रेमवर्क लागू होगा। इसका MDR ग्राहकों से अलग से नहीं लिया जाएगा और UPI पेमेंट करने पर ग्राहक पर कोई MDR चार्ज नहीं लगेगा। Person-to-Person UPI ट्रांजैक्शन राशि की परवाह किए बिना मुफ्त रहेंगे। 2,000 रुपये तक के Merchant Payments और Zero-MDR Framework के तहत आने वाले ट्रांजैक्शन भी मुफ्त रहेंगे।
सेंट्रल रेलवे 1 अक्टूबर से 31 अक्टूबर तक विशेष टिकट चेकिंग अभियान चलाने वाला है। इस अभियान के तहत रेलवे ने ‘One Ticket, One Original ID’ का नियम रखा है। इसका मतलब है कि यात्रा के दौरान केवल वैध टिकट अपने पास रखना पर्याप्त नहीं होगा। यात्रियों को टिकट के साथ अपना ओरिजिनल पहचान पत्र भी रखना होगा। रेलवे अधिकारियों के मुताबिक, टिकट चेकिंग के दौरान यात्रियों को अपनी मूल पहचान साबित करने के लिए यह दस्तावेज दिखाना पड़ सकता है।
यह भी पढ़ें: Oppo K14 Plus vs Realme 16T: डिस्प्ले, परफॉर्मेंस, कैमरा, बैटरी और कीमत की तुलना