आज, 29 जून 2026 को नोएडा के एक रिहायशी टावर की 21वीं मंजिल पर आग लगने से इलाके में अफरा-तफरी मच गई। यह आग नोएडा के सेक्टर-119 में स्थित अरण्य सोसाइटी में लगी। घटना की सूचना मिलते ही करीब छह दमकल की गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और तुरंत आग बुझाने का अभियान शुरू किया गया। फिलहाल दमकल विभाग की टीमें आग पर काबू पाने में जुटी हुई हैं। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, किसी के अंदर फंसे होने की सूचना नहीं है। राहत और बचाव का काम जारी है।
शुरुआती रिपोर्ट के अनुसार, आग लगने की वजह AC यूनिट में हुआ ब्लास्ट बताया जा रहा है। हालांकि, मामले से जुड़ी पूरी जानकारी का अभी पता नहीं चला है।
इस महीने की शुरुआत में भी नोएडा की दो रिहायशी इमारतों में आग लगने की घटनाएं सामने आई थीं। इनमें एक सेक्टर-74 और दूसरी सेक्टर-52 में हुई थी। सेक्टर-74 स्थित 28 मंजिला आइवी काउंटी सोसाइटी में सुबह करीब 8 बजे 12वीं मंजिल के एक फ्लैट में आग लग गई थी, जहां अपार्टमेंट से आग की ऊंची लपटें निकलती हुई देखी गई थीं।
हम सभी जानते हैं कि गर्मी अपने चरम पर है और हर साल इस मौसम में AC फटने या आग लगने जैसी घटनाएं सामने आना आम सी बात हो गई है। हालांकि, यह एक बड़ी चिंता का विषय है। इसे नज़रअंदाज़ करना खतरे से खाली नहीं है, क्योंकि भारत में ज्यादातर घरों में AC चलते हैं लेकिन सबको यह मालूम नहीं होता कि उसकी देखभाल कैसे करनी चाहिए। लोग जाने अनजाने में कोई ऐसी गलती कर बैठते हैं जो AC में आग लगने का कारण बन जाती है।
अगर आप भी अपने घर में AC इस्तेमाल करते हैं और उसे आग लगने से बचाना चाहते हैं, तो इन बातों का हमेशा ध्यान रखें:
घंटों तक न चलाएं: AC को बिना रोके घंटों तक लगातार चलाने से कम्प्रेसर और इंटरनल कम्पोनेंट्स ओवरहीट हो सकते हैं. एक्सपर्ट्स यूनिट को थोड़ा ब्रेक देने की सलाह देते हैं, खासकर तेज़ गर्मी में।
नियमित सर्विस कराएं: धुल जमा होने, भरे हुए फिल्टर्स और ख़राब मेंटेनेंस से कूलिंग सिस्टम पर अतिरिक्त दबाव पड़ सकता है। समय पर सर्विस कराने से गैस लीक, खराब पुर्ज़ों और एयरफ्लो में समस्याओं का पता चल जाता है।
वायरिंग चेक करें: खराब वायरिंग और ढीले इलेक्ट्रिकल जॉइंट्स एसी में शार्ट सर्किट होने के सबसे बड़े कारणों में से एक होते हैं। हमेशा हाई-क्वालिटी की तारें इस्तेमाल करें और टेम्परेरी या डैमेज कनेक्शंस से बचें।
वोल्टेज स्टेबलाइजर इस्तेमाल करें: गर्मी में बार-बार बिजली कटने से कम्प्रेसर खराब हो सकता है और इससे चिंगारी या आग का जोखिम बढ़ सकता है। वोल्टेज स्टेबलाइजर लगाने से एसी को अचानक वोल्टेज बढ़ने से बचाया जा सकता है।
चेतावनी संकेत नज़रअंदाज़ न करें: जलने की गंध, अजीब आवाज़ें, सॉकेट्स के आसपास चिंगारी और कूलिंग का कम होना एसी यूनिट के अंदर गंभीर समस्या का संकेत हो सकते हैं। इनमें से कोई भी संकेत देखें तो तुरंत एसी बंद करें और टेक्नीशियन को बुलाएं।
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