9000mAh बैटरी वाला स्मार्टफोन बना ट्रेंड, लेकिन क्या आपको खरीदना चाहिए? पैसे खर्च करने से पहले जरूर जान लें ये बात

HIGHLIGHTS

9000mAh बैटरी बना नया ट्रेंड

हर यूजर के लिए जरूरी नहीं

जरूरत समझकर ही खरीदें फोन

आज के समय में स्मार्टफोन की बैटरी लाइफ लगभग हर यूजर के लिए सबसे बड़ा फैक्टर बन चुकी है. हमारी रोजमर्रा की जिंदगी काफी हद तक फोन पर निर्भर हो गई है. चाहे वीडियो स्ट्रीमिंग हो, गेमिंग, वीडियो कॉल, UPI पेमेंट या फिर सोशल मीडिया स्क्रॉलिंग, हर चीज के लिए फोन लगातार इस्तेमाल होता है. यही वजह है कि कंपनियां अब 6000mAh और 7000mAh से आगे बढ़कर 9000mAh जितनी बड़ी बैटरी वाले स्मार्टफोन पर फोकस कर रही हैं. लेकिन, असली सवाल यही है कि क्या इतनी बड़ी बैटरी सच में जरूरी है या यह सिर्फ एक ट्रेंड बन गया है?

कंपनियां बड़ी बैटरी क्यों दे रही हैं?

स्मार्टफोन ब्रांड्स का मानना है कि हर यूजर के पास हर समय चार्जिंग की सुविधा नहीं होती है. खासकर छोटे शहरों या फील्ड जॉब करने वाले लोगों के लिए स्मार्टफोन बैटरी चार्जिंग में काफी दिक्कत आती है. दिनभर बाहर रहने वाले यूजर्स के लिए बार-बार चार्जिंग करना मुश्किल होता है. ऐसे में 9000mAh बैटरी एक आसान समाधान के रूप में पेश की जा रही है.

इस तरह की बैटरी के साथ यूजर्स को एक बार चार्ज करने पर 2 से 3 दिन तक बैटरी बैकअप मिल सकता है. लगातार गेमिंग या वीडियो देखने पर भी 10 से 12 घंटे का बैकअप मिल जाता है. सबसे बड़ा फायदा यह है कि बार-बार चार्जर ढूंढने की जरूरत नहीं पड़ती है.

9000mAh बैटरी के फायदे

बड़ी बैटरी का सबसे बड़ा फायदा इसकी लंबी लाइफ है. एक बार चार्ज करने के बाद आप लंबे समय तक फोन इस्तेमाल कर सकते हैं, जो खासकर ट्रैवल करने वालों के लिए काफी उपयोगी होता है. जो लोग ज्यादा गेमिंग करते हैं या लगातार वीडियो स्ट्रीमिंग करते हैं, उनके लिए यह बैटरी लगभग डबल बैकअप दे सकती है. इसके अलावा, पावर कट या लंबे सफर के दौरान भी यह बैटरी आपको राहत देती है.

कई यूजर्स के लिए बैटरी खत्म होने का डर हमेशा बना रहता है. ऐसे में 9000mAh बैटरी उन्हें एक तरह का मानसिक सुकून भी देती है.

बड़ी बैटरी के नुकसान भी कम नहीं

हालांकि, बड़ी बैटरी वाले फोन भारी और मोटे होते हैं. बड़ी बैटरी का मतलब है ज्यादा वजन और मोटाई, जिससे फोन पकड़ने और इस्तेमाल करने में फर्क पड़ता है. दूसरी बात, चार्जिंग टाइम. भले ही फोन में फास्ट चार्जिंग हो, लेकिन इतनी बड़ी बैटरी को फुल चार्ज होने में समय लगता है.

तीसरी चीज है हीटिंग. बड़ी बैटरी और हाई यूसेज के कारण फोन थोड़ा गर्म हो सकता है, जो सामान्य है लेकिन ध्यान देने वाली बात है. सबसे बड़ी गलती यह होती है कि लोग जरूरत से ज्यादा बैटरी वाले फोन खरीद लेते हैं, जबकि उनका इस्तेमाल बहुत बेसिक होता है.

किसे लेना चाहिए 9000mAh बैटरी वाला फोन?

अगर आप दिनभर फोन पर रहते हैं, गेमिंग करते हैं, फील्ड में काम करते हैं या लगातार ट्रैवल करते हैं, तब यह बैटरी आपके लिए फायदेमंद है. जो लोग 5G का ज्यादा इस्तेमाल करते हैं या जिन्हें बार-बार चार्ज करना पसंद नहीं है, उनके लिए भी यह सही विकल्प हो सकता है.

किसे नहीं लेना चाहिए?

अगर आपको स्लिम और हल्का फोन पसंद है, या आप सिर्फ कॉल, मैसेज और हल्का-फुल्का इस्तेमाल करते हैं, तो 9000mAh बैटरी आपके लिए बेकार है.

नॉर्मल यूजर्स के लिए 5000mAh से 7000mAh तक की बैटरी पूरी तरह से पर्याप्त होती है. बड़ी बैटरी सुनने में हमेशा बेहतर लगती है, लेकिन हर बार सही नहीं होती है. अगर आपका इस्तेमाल ज्यादा है तो यह गेम-चेंजर हो सकती है.

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Sudhanshu Shubham

सुधांशु शुभम (Sudhanshu Shubham) डिजिटल मीडिया में पिछले 6 साल से सक्रिय हैं. टाइम्स ग्रुप (Times Group) में आने से पहले वह न्यूज18 (News18) और आजतक (Aaj Tak) जैसी संस्थाओं के साथ काम कर चुके हैं. टेक के अलावा इन्होंने हाइपर लोकल बीट, डेटा एनालिसिस का भी काम किया है.

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