EPFO
नौकरी करने वाले लोग ज्यादातर अपनी पहली जॉब से असंतुष्ट होने के कारण अपनी नौकरी बदल लेते हैं, लेकिन इसमें सबसे ज्यादा मुश्किल लोगों को अपना प्रोविडेंट फंड (PF) ट्रांसफर करने में आती है, क्योंकि यह काफी लंबी प्रक्रिया है जिससे ज्यादातर लोग बचना चाहते हैं। इस प्रक्रिया में इस्तेमाल होने वाले दस्तावेज़ों को Annexure K कहते हैं, जोकि एक ऐसा सर्टिफिकेट है जिसे PF ऑफिस से लाया जाता है। अगर आप इन दस्तावेज़ों को PF ऑफिस से लेने में देरी कर देते हैं तो आपको HR डिपार्टमेंट के चक्कर लगाने पड़ते हैं। इससे छुटकारा दिलाने के लिए EPFO ने दो बदलाव किए हैं। आइए उनके बारे में जानते हैं।
इन सब झंझटों से बचने के लिए यह फैसला लिया गया है कि अब Annexure K को पूरी तरह से ऑनलाइन कर दिया गया है। इसमें लोग अब EPFO Member सेवा पोर्टल को लॉग इन करके अपना सर्टिफिकेट डाउनलोड कर सकते हैं। इससे यह फायदा होगा कि अब आपको कोई भी लंबा चौड़ा पेपरवर्क करने की जरूरत नहीं होगी। तो अब यह आपका काम और भी आसान कर देगा और काफी समय भी बचाएगा। साथ ही अब आपको पुराने HR के चक्कर भी नहीं काटने पड़ेंगे।
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इस समस्या को देखते हुए EPFO ने कुछ बदलाव किए हैं जिनमें EPFO ने सदस्य सेवा पोर्टल पर एक पासबुक लाइट सुविधा शुरू कर दी है। इससे सदस्यों को उनके पीएफ जमा होने, निकलने और शेष राशि की जानकारी उपलब्ध कराई जाती है, जिससे आपको अलग-अलग पोर्टल पर लॉगिन करने की जरूरत नहीं है। कई कर्मचारियों के लिए यह देखने के लिए कई लॉगिन करने की असुविधा को दूर करता है कि उनके नियोक्ता ने समय पर कंट्रीब्यूशन जमा किया है या नहीं।
इस पर एक्कासपर्ट्स कहना है कि यह बदलाव लोगों के लिए काफी कारगर साबित हो सकता है। बार-बार नौकरी बदलना आम बात है और पीएफ ट्रांसफर में देरी के कारण अक्सर कई खाते निष्क्रिय पड़े रहते हैं। उनका कहना है कि इन निष्क्रिय खातों से विड्रॉल कर पाना काफी मुश्किल होता है। साथ ही PF मनी, जो काफी समय से ना किए गए क्लेम का भंडार है, बढ़ता ही जाता है। वहीं इस पर यह नया सिस्टम इस तरह के विखंडन की संभावनाओं को कम करता है। इतना ही नहीं ये सुधार ट्रांसपेरेंसी भी लाते हैं। कर्मचारी अब अपने पीएफ ट्रांसफर की स्थिति को रियल टाइम में ट्रैक कर सकते हैं और अपनी सर्विस हिस्ट्री का एक पर्मानेंट डिजिटल रिकॉर्ड रख सकते हैं, जो पेंशन लाभों की गणना करते समय बहुत ज़रूरी है। रिटायरमेंट की उम्र तक पहुंचते ही लोगों के लिए इसका मतलब यह है कि उन्हें इस बात को लेकर कम आश्चर्य और विवाद होगा कि सेवा के वर्षों को सही ढंग से दर्ज किया गया है या नहीं।
EPFO द्वारा किए गए इस बदलाव में पासबुक लाइट से तुरंत पहुंच और Annexure K को आसान और पोर्टेबल बना कर इसमें आने वाली शिकायतों को कम करने की कोशिश की गई है। अधिकारियों का मानना है कि इन कदमों से न केवल यूजर्स की संतुष्टि में सुधार होगा, बल्कि सिस्टम में विश्वास भी बढ़ेगा। तो अब जो लोग अपनी नौकरी बदल लेते हैं उनके लिए ये बदलाव काफी फायदेमंद रहेंगे, क्योंकि अब PF ट्रांसफर करने की कठिन प्रक्रिया की जगह आसानी से आप ऑनलाइन कर सकते हैं।
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